Day 96: A Dream About Belonging, Misunderstanding, and Knowing Oneself
(-2) आज सुबह मैं एक dream देख रहा था-
कोई त्यौहार था शायद। क्या था, यह मुझे याद नहीं। पर मैं अपने एक बहुत अच्छे दोस्त से मिलने उसके घर गया हुआ था। वहाँ जाकर मुझे पता चला कि मेरा दोस्त मेला घूमने गया हुआ है, अपनी wife या girlfriend के साथ। तो मैं उसके घर में बैठ कर TV देखते हुए अपने दोस्त का इंतज़ार करने लगा। काफी वक़्त बीत गया, दोपहर से शाम हो गई। मेरा दोस्त घर आया। मुझे अपने घर में बैठा देख हैरान हुआ। मुझे याद नहीं कि वह मुझे अपने घर मिलने बुलाया था या नहीं। पर वह वापस आकर मेले का किस्सा मुझे सुनाने लगा। मैं हां-हां करते हुए अपना मुंडी ऊपर नीचे हिला रहा था, और वह मुझे ऐसे अंजान की तरह react करते देख मुझसे पूछा, "मेला घूमने नहीं गया कृष्ण?"
मेरे मुँह से निकला, "नहीं।"
वह मुझसे पूछा, "क्यों?"
मैं सोंच में पड़ गया, मुझे याद नहीं आ रहा था कि मैं मेला घूमने क्यों नहीं गया? क्या इसके पीछे कोई specific कारण है?"
तभी उसकी बहन मुझे बाई या दाई बाँह को closely पकड़ते हुए बोली, "क्योंकि भैया मेरे साथ घूमने जायेंगे।"
मुझे याद नहीं कि मैं ऐसा उसे कब promise किया। But उसका चेहरा देखकर मुझे ऐसा लगा कि वह अपने भाई/मेरे दोस्त को चिढ़ा रही है वह उसे अपने साथ लेकर नहीं गया। या उसके आँखों में मुझे लेकर हमदर्दी दिखा कि आपके साथ कोई नहीं गया, चलो मैं आपको घुमाने के लिए लेकर चलती हूँ।
मेरा दोस्त हम दोनों को बोला, "अच्छा तुमलोग अकेले कहाँ जाओगे। मेले में कहीं गुम हो जाओगे। चलो मैं भी चलता हूँ।"
मैं सोचने लगा खुद को और बहन को ऊपर से नीचे देखते हुए कि, "हम क्या बच्चे हैं जो मेले में गुम हो जायेंगे?"
पर मैं कुछ बोला नहीं, उससे पहले बहन बोली, "बिल्कुल नहीं। आप हमें साथ लेकर गए थे? हम भी आपको साथ लेकर नहीं जाएंगे।"
मेरा दोस्त मुझसे बोला, "इसके साथ जा रहे हो। जरा सोंच कर जाओ। यह बहुत उल्टे-सीधे shopping करवाती है।"
बहन मेरे बारे में बोली, "भैया को सब पता है। इन्हें पसंद है अपनी बहन का शौक पूरा करना। यह आपकी तरह नहीं है कि सिर्फ अपनी मेहरारू को लेकर जाएंगे और सिर्फ उन्हीं को घुमाएंगे, खिलाएंगे।"
और वह मेरे हाँथ को closely पकड़े हुए ही मुझे खींचते हुए वहां से ले गई। मैं बस साथ-साथ उसके चल रहा था।
मेरे एक हाँथ को अपने एक हाँथ से closely पकड़े हुए हमारी बहन एक-एक करके मेले की दुकाने दिखाते हुए, अपने दूसरे हाँथ के index-finger को अपने होंठ के पास और दूर ले जाते हुए बुदबुदाने लगी, "ये नहीं। इसमें भी नहीं। कुछ और। नहीं, कोई दूसरा...। हाँ, यहाँ चलते है।" और वह मुझे मोड़ पर मौजूद एक दुकान के सामने ले गई।
मैं जब दुकान के सामने गया, वह मेले में मौजूद Key-Chain shop था। उसके front table के उस पार देखा suit पहने एक lady Racks में Key-Chains को arrange कर रही थी। जब वह पीछे मुड़ी तो मैं हैरान हो गया। Annie IV, वो मेरे college में batchmate हुआ करती थी। मैं उसे वहाँ देखकर disappoint नहीं हुआ कि वह वहाँ क्यों थी। बल्कि उसे अपने लिए earning करते देख, उसे एक तरह से financially independent देख कर उसके लिए खुशी हुआ। बस मैं surprise इसलिए हुआ कि मुझे उससे वहाँ ऐसे मिलने की उम्मीद ना थी।
Annie को मुझे मेरे दोस्त की बहन के साथ देखकर हैरानी हुई। वह कुछ बोलने वाली थी पर बहन को लगा कि वह यह पूछने वाली है कि हमें क्या चाहिए।
इसलिए बहन बोली, "मुझे मेरे भैया के लिए एक अच्छा सा Key-Chain चाहिए।"
मैं उससे पूछा, "मुझे लगा था कि तुम अपने लिए खरीद रही हो।"
बहन बोली, "Gift के बदले कुछ return gift तो देना होगा ना..? मैं आपको सस्ता चीज देखकर, आपसे महंगा shoping करवाऊंगी। वैसे आप बताए नहीं ? आप इसे पहले से जानते हो?"
मैं उसे बताया, "हाँ, यह हमारे साथ graduation में पढ़ती थी।" फिर मैं Annie की तरफ मुड़ा।
Annie दोबारा repeat की, "तुम बताया नहीं कृष्ण, आजकल तुम्हारी girlfriend कैसी है?"
मैं उसको मुस्कुराते हुए ही थोड़ा भौहें सटाते हुए पूछा, "Girlfriend..! मेरी कौन सी girlfriend?"
हमारी बहन चुस्की लेते हुए पूछी, "आपकी कितनी girlfriend है भैया?"
मैं उसे गुस्से से बोला, "एक भी नहीं।"
Annie बोली, "हट झूठा। तुम्हारी कोई girlfriend नहीं है, यह हो नहीं सकता है। Break-up हो गया क्या?"
मैं उसे अपनी बात पर जोर देत हुए बोला, "मेरी कभी कोई girlfriend नहीं थी।"
Annie घूरते हुए बोली, "तो फिर वो सब कौन थी?"
मैं उसे smile करते हुए seriously पूछा, "वो सब, कौन सब? तुम सीधा उसका नाम बोलो ना।"
Annie उदास सकल बनाते हुए बोली, "छोड़ो, जाने दो।"
मैं उसे समझाने की कोशिश किया, "मेरे life में जो भी थी, सिर्फ friends थी। तुम भी अच्छी friend हो सकती थी अगर तुम मेरा friend request accept करती।"
Annie बोली, "तुम्हारी friend बनने से अच्छा था कि तुम्हारी दुश्मन बन जाऊँ।
तुम नज़रों से भी नहीं कहता मुझे
कि तुम्हारे दिल में जगह मेरी है,
उससे पहले ही तुम्हारे friends मुझे कहने लगते कि
यह भाभी हमारी है।
ऐसे लड़के से दोस्ती करने से दुश्मनी अच्छा।"
मैं Annie को बोला, " मेरी lines मुझ ही को सुना रही हो ? जब सब समझती ही हो तो किसी का नाम मेरे साथ जोड़ कर उसे बदनाम करने की कोशिश क्यों कर रही हो?"
Annie बोली, "वो तो तुम्हारे मुंह से उसका सही नाम निकलवाने की मैं कोशिश कर रही हूँ। ऐसे तुम बताएगा नहीं ना...।"
मैं उसे समझाने की कोशिश किया, "उसके साथ भी तो तुम वही कर रही हो जो डर तुम्हे मेरे दोस्तों की वजह से थी।"
हमारी बहन बोली, "भैया, आप जरूर कुछ छुपा रहे हो। भाभी का नाम बता दो, मैं किसी को नहीं बताऊँगी।"
मैं बहन को समझाया, "अरे कोई नहीं है। बस मुझे किसी के साथ देखकर सभी को यह गलतफहमी हो जाती थी कि वह मेरी girlfriend है। बाकी ऐसी कोई बात नहीं है।"
बहन मेरे बात पर अविश्वास करते हुए पूछी, "ऐसे किसी को कोई गलतफहमी हो जाएगा भैया! वो जरूर आपके उतना close होती होगी तभी ना...।"
मैं बहन और Annie को समझाने की कोशिश किया, "अरे वो सब सिर्फ अच्छी दोस्त थी। अभी देखो, तुम मेरा हाँथ इतना closely पकड़कर पूरा मेला मुझे घुमा रही हो। अब कोई हमारे relative होगा या हम में से किसी एक को जानता होगा, पर तुम्हे या मुझे अगर वह नहीं जानता होगा, उसे भी तो यही ना लगेगा कि हमारे बीच कुछ चल रहा है। आम लोगों को तो और ऐसा लगेगा क्योंकि हमारे मम्मी-पापा अलग है, हमारी आपस में सकल नहीं मिलती है। कोई मानेगा कि हमलोग भाई-बहन है? ऐसे ही college time भी सभी को यही लगता था मेरी friends को मेरे साथ देखकर।"
Annie बोली, "हाँ रे, वो सब सिर्फ तुम्हारी दोस्त होती तो तुमसे इतना चिपकती क्या?"
मैं हँस कर उसे बताया, "मेरे लिए friends भाई-बहन की तरह है, और भाई-बहन friends की तरह। इसलिए friend एक लड़का हो या लड़की मैं सभी के साथ एक जैसे ही रहता था। अब दुनियाँ को यह हजम नहीं होता है तो मैं क्या करूँ!"
यह कहने के बाद मेरा कुछ बातों पर ध्यान जाने लगा। इस dream में कई loop holes थे। मेरा conscious इस dream को लेकर कुछ सवाल उठाने लगा जिसका जवाब मेरे subconscious mind के पास नहीं था, यह एक error था-
• मेरे अनुभव के according सब लोग वैसे नहीं सोंचते हैं, जैसे मैं सोंचता हूँ। यही वजह है कि मेरे कुछ friends मुझे मेरे साथ किसी को देखकर यह हजम नहीं कर पाए कि मैं जिस तरह लड़कों के साथ अच्छी दोस्ती रखता था, लड़कियों के साथ भी same कैसे रह लेता था। इस वजह से कई मेरे ऐसे दोस्त जो जो बहुत खास थे, उन्होंने भी मेरे character को गलत समझा। और यह बात मुझे तब समझ आया जब वो कुछ ऐसा बोले जो उन्हें कभी भी नहीं बोलना था। तो फिर मैं फिर भी "friends=भाई-बहन" वाली बात कैसे कर रहा हूँ?
• मेरे life में ऐसा कोई दोस्त नहीं है जिसके इंतजार में मैं उनके घर पर इस तरह TV देखते हुए पूरा दिन बताऊँगा। मेरी आदत यह है कि मैं किसी के घर जाने से पहले एक बार उन्हें call कर लेता हूँ। और वो भी मुझे call करके inform कर देते हैं अगर suddenly उनका plan बदल जाता है। कोई मुझे घर पर बुला कर इसी तरह दिनभर बिठा कर नहीं रखेगा, और मैं बैठ कर भी नहीं रहूँगा। तो फिर मैं इतने देर वहाँ बैठ कर कैसे रह गया?
• मैं अपने किसी भी दोस्त की बहन मुझे इस तरह closely नहीं पकड़ेगी। मेरी Cousins भी मुझे/मेरे हाँथ को कभी ऐसे नहीं पकड़ती है। यह hasitation मैं उनके आँखों में देखता हूँ कि वो मुझसे कितना friendly हो सकती है। क्योंकि यह साफ-साफ दिखता है कि उन्हें मुझसे डर लगता है। तो फिर मुझे मेरे दोस्त की बहन इस तरह पकड़कर मेले में कैसे घुमा रही है?
और यही सब के कारण मेरा Dream stable रह नहीं पाता। मेरा subconscious का illusion टिक नहीं पाया, और मैं counscious हो गया।
पर subconscious का dream यूँ ही नहीं होता है। हमें हमसे बेहतर कोई और नहीं समझ सकता है। कुछ चीजें जो हम भूल जाते है, subconscious उसे याद दिलाता है। कुछ चीजें जो हम बार-बार repeat कर रहे होते हैं, उसे भी subconscious point out करता। हमारे अंदर का डर, उससे लड़के की practice; लालच, ग़ुस्सा, खुद को control करने का inpiration;... तो मुझे decode करना था कि मेरे इस सपने का मतलब क्या है? What does it symbolises?
• Dream में Key-Chain shop के पास जाकर रुकना, क्योंकि मैं मेरे Bike की Key-Chain टूट गया है, और मैं एक नया और अच्छा Key-Chain लेना चाहता हूँ।
• Dream में मेला का background, क्योंकि Key-Chain shops आमतौर पर मेले में भी दिखते हैं और अभी दुर्गा पूजा नज़दीक है। जिस दिन मुझे यह dream आया था उस दिन विश्वकर्मा पूजा भी नहीं गुजरा था, जिसमें हमारे यहां रजरप्पा Project में मेला लगता है।
• Dream में मेरे दोस्त की बहन का इस तरह मुझे अपने भाई की तरह हक़ जताना, यह दिखाता है कि मैं क्या आखिर miss करता हूँ। यह उन पलो को मुझे अहसास दिलाने के लिए थ, ताकि उन अच्छे पलो का अहसास मुझे भी मिले, जो मैं real life में कभी ले नहीं पाया।
• पर Dream में वो लड़की Annie, जो मेरी batchmate थी। वो आखिर क्यों थी? उसके साथ मेरा ऐसा कोई moment नहीं था जो वह मुझे याद रहे। सच कहूँ तो मैं इस dream से पहले उसे भूल ही चुका था। फिर उसको मुझे दिखाना क्या हो सकता है? क्या यह मुझे यह test करने के लिए था कि क्या मैं इस बात को miss करता हूँ, वो लड़की मेरे friend request को reject की थी? क्या मैं उन्हें miss करता हूँ जो मुझे नहीं मिले? पर अगर ऐसा था तो मेरे subconsious को मुझे वो दिखाना था, जो मेरा proposal reject की थी। Annie से ज्यादा मैं उनसे hopeful था।
यह लिखने से पहले मैं यह नहीं समझ पा रहा था कि मुझे Annie ही क्यों दिखी। पर अब जब यह diary note लिख रहा हूँ तो मुझे समझ आ रहा है कि अगर मेरा subconscious मुझे उसे दिखाता जिसे मैं propose किया था, तो मेरा dream stable नहीं होता। मेरे कई emotions एक साथ बाहर टूट कर आते और मैं तुरंत जाग जाता। क्या इसका मतलब यह है कि मेरा subconscious मेरी बहुत परवाह करता है ताकि मैं सिर्फ उस अच्छे moments को अपने Dreams के जरिए जी सकूँ, जिन्हें मैं अपने असल जिंदगी में miss करता हूँ? या फिर क्या मेरा subconscious mind मुझे ऐसी गहरी नींद में सुलाकर मुझपर अपना control पाने की कोशिश करता है?
"सबकुछ जान लिया, पर अगर खुद को नहीं जाना तो आखिर क्या जाना!"
मेरा चेतन, अचेतन, अवचेतन एक दूसरे का दोस्त है या प्रतिद्वंदी? मेरे लिए यह जानने से ज्यादा important यह है कि मुझे कब किसको कितना प्राथमिकता देना है।
-AnAlone Krishna
17th September, 2026 A.D.

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