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 ज्ञान हो और समझ ना हो, तब नासमझी मानी जाएगी। जब ज्ञान ही ना हो, तो उसकी नासमझी कैसी ? उसे अहंकार माना जायेगा। कोई भी व्यक्ति अपने जीवन में...
"जीवन" | Hindi Poem by AnAlone Krishna

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 "जीवन"  (अपने कुछ होनहार दोस्तों का समाज तथा प्रकृति के प्रति बेपरवाही और केवल अपने परिवार के प्रति ही उत्तरदायी होने के स्वार्थी...

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